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नरेंद्र मोदी आपातकाल…दिल्ली आवै वाली ट्रेन रद्द होवै पर भड़के अभिजीत दीपके, सौरव दास बोलिन- बादशाह इतना डर गए हैं कि…

सीजेपी कै जरिये 10 अक्टूबर कै जंतर-मंतर पर एसआईआर कै खिलाफ प्रस्तावित प्रदर्शन कै देखत भये भारतीय रेलवे राष्ट्रीय राजधानी आवै वाली सब मेल अउर एक्सप्रेस ट्रेनन कै रद्द करै कै फैसला कीन्हिस अहै। रेलवे कै इ आदेश कै चलते नई दिल्ली अउर हज़रत निज़ामुद्दीन रेलवे स्टेशन पर सबेरे 4 बजे से दुपहरिया 2 बजे तक देश भर से आवै वाली रेल सेवा ठप रही। सरकार कै इ कदम पर तीखा प्रतिक्रिया देत भये सीजेपी कै संस्थापक अभिजीत दीपके सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर निशाना साधिन। उ लिखिन कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी देश मां अघोषित या आधिकारिक रूप से आपातकाल लागू कर दीहिन अहै।

उहें सौरव दास अपने पोस्ट मां लिखिन कि देश अब जागरूक होइ चुका अहै। एक जागरूक राष्ट्र अपने संदेश पहुंचवै कै सब रास्ता ढूंढ ली। याद कीन्हि जाव कि कइसे रउवा कोविड कै दौरान पूरा देश मां प्रवासी मजदूरन कै सैकड़ों किलोमीटर पैदल चलै पर मजबूर कीन्हि रहा? उहे लोग सरकार मां बैठै वाला लोगन कै सबक सिखावै खातिर फिर से अइसहे करिहिन।

कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) कै नेता अभिजीत दिपके शुक्रवार कै कहिन कि प्रस्तावित विरोध प्रदर्शन पर पुलिस कै रोक कै बावजूद, उ 10 अक्टूबर कै दिल्ली कै जंतर-मंतर तक मार्च करिहिन। एक्स पर एक पोस्ट मां दिपके आरोप लगाइन कि प्रदर्शन कै पहिले देश भर मां हजारन जुवानन कै हिरासत मां लीन्हि गवा अहै अउर उ बीजेपी सरकार पर प्रदर्शनकारियन कै डरावै-धमकाबै कै कोसिस करै कै आरोप लगाइन।

10 अक्टूबर कै होवै वाला हमार विरोध प्रदर्शन कै पहिले, बीजेपी सरकार देश भर मां हजारन जुवानन कै हिरासत मां लेइ लिहिस अहै। ‘मोदी, इ डरावै-धमकाबै कै कोसिस काम नाइ आवी। देश कै जुवान अब रउवा से डरत नाइ अहैं।’ दीपके ट्वीट कीन्हिन कि हम कल दिल्ली पहुंचब अउर काहू बात कै डर नाइ अहै, जंतर-मंतर तक मार्च करब।

इ बयान दिल्ली पुलिस कै उ चेतावनी कै बीच आवा अहै जवना मां कहा गवा अहै कि राष्ट्रीय राजधानी मां धारा 163 कै तहत पाबंदी लागू अहै अउर बिना इजाजत इकट्ठा होवै पर कानूनी कार्रवाई कीन्हि जाई। डिप्टी कमिश्नर ऑफ़ पुलिस (DCP) सृष्टि पांडे कहिन कि जब तक पाबंदी लागू अहै, जंतर-मंतर या काहू दूसर जगह पर विरोध प्रदर्शन कै इजाजत नाइ अहै।

पांडे समाचार एजेंसी एएनआई कै बताइन, “धारा 163 लागू अहै, जवना कै मतलब अहै कि विरोध प्रदर्शन कै अनुमति नाइ अहै न तौ जंतर-मंतर पर अउर न तौ कहूं अउर। काहू भी तरह कै जमावड़ा कै गैर-कानूनी माना जाई अउर हमारन कै एकरे खिलाफ जरूरी कानूनी कार्रवाई करै खातिर मजबूर होइ पड़ब।”

डीसीपी लोगन से प्रस्तावित प्रदर्शन मां सामिल न होवै कै अपील कीन्हिन अउर उनकान से अपने अउर अपने परिवार कै सुरक्षा कै प्राथमिकता देय कै कहिन। उ कहिन कि हम प्रदर्शनकारियन से अपील करब कि उ अइसे गैर-कानूनी जमावड़ा मां सामिल न होइन। कृपा करि कै अपने सुरक्षा कै प्राथमिकता दीं। साथ ही, अपने परिवार कै सुरक्षा कै भी ध्यान राख्खीं।

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