
केंद्रीय मंत्री रामदास अठावले मंगलवार के ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ (CJP) पर तंज कसैत युवाइन के नेतृत्व वाले एह समूह के नाम बदले के सुझाव दीहिन। अठावले कहिन कि CJP कय अपना नाम बदलकर ‘इस्तीफ़ा जनता पार्टी’ कर लेना चाही। एह टिप्पणी मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफ़े की मांग के बीच आवा अहै, काहे से वे भारत निर्वाचन आयोग (ECI) के भीतर कथित असहमति कय लेके एक बड़े विवाद मां घिरे अहैं।
CJP कय फाउंडर अभिजीत दिपके CEC के इस्तीफ़े की मांग करत हुए देशव्यापी विरोध प्रदर्शन कय आह्वान कीन अहै। इहइ से पहिले जुलाई मां, NEET UG पेपर लीक के आरोपिन कय लेके CJP के नेतृत्व मां भवा विरोध प्रदर्शन के कारन केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफ़ा देय पड़ा रहा। मंगलवार के CJP पर निशाना साधैत अठावले कहिन कि CJP सिर्फ़ इस्तीफ़े की मांग करत रहत अहै। ओन्है एकर नाम बदलकर ‘इस्तीफ़ा जनता पार्टी’ कर लेना चाही।
सामाजिक न्याय अउर अधिकारिता राज्य मंत्री कहिन कि दिपके हालहि मां राजनीति मां आवा अहैं, जबकि वे खुद लंबे समय से दलितन अउर अन्य पिछड़े वर्गन से जुड़े मुड्डियन पर सक्रिय रहे अहैं। वे कहिन, दिपके महाराष्ट्र से अहैं, बौद्ध अउर दलित अहैं। वे अमेरिका मां पढ़ाई कीन अहैं अउर एह क्षेत्र मां नए अहैं।
केंद्र सरकार कय बचाव करत हुए अठावले कहिन कि हम देश के सामने मौजूद अलग-अलग मुड्डियन से वाकिफ अहैं अउर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ओन्है सुलझावै के खातिर पूरी ईमानदारी से कड़ी मेहनत करत अहैं। रिपब्लिकन पार्टी ऑफ़ इंडिया के नेता इहो दावा कीन कि पीएम मोदी 2029 मां लगातार चौथी बार प्रधानमंत्री बनबाइं।
CJP CEC ज्ञानेश कुमार से इस्तीफ़ा देय के मांग कीन अहै। इ मांग SIR प्रक्रिया पर उठत सवालन अउर वोटर लिस्ट से जुड़े फैसलन कय लेके चुनाव आयोग के अंदर मतभेदन के खबरन के बीच कीन गई अहै। सुप्रीम कोर्ट अगिला हफ़्ते एक याचिका पर सुनवाई करै के खातिर भी सहमत होइ गवा अहै, जवल्मां ज्ञानेश कुमार के नेतृत्व मां चुनाव आयोग के कामकाज अउर देशव्यापी SIR कय चुनौती दी गई अहै।




