NEET पेपर लीक पय घिरी NTA, आखिर भारत चीन कय ‘गाओकाओ’ मॉडल से सबक काहे नाहीं लेत?
जब चीन मा लाखों बच्चा ‘गाओकाओ’ नाम वाली नेशनल कॉलेज एंट्रेंस परीक्षा देत हँय, तव हवाई जहाज कय रास्ता बदल दीन जात है, अउर परीक्षा केंद्र कय अगल-बगल हॉर्न बजावै या निर्माण कार्य करै पय रोक लगा दी जात है। जून 2025 मा, 13 मिलियन (1.3 करोड़) से ज्यादा चीनी बच्चा गाओकाओ परीक्षा दिहिन। सिर्फ बच्चा कय संख्या कय हिसाब से देखैं तव इ परीक्षा, भारत कय नेशनल मेडिकल एंट्रेंस परीक्षा ‘NEET-UG’ कय ‘दादा’ (सबसे बड़ी) परीक्षा है। जहाँ एक तरफ, ‘नेशनल टेस्टिंग एजेंसी’ (NTA) कराई वाली NEET-UG परीक्षा, पेपर लीक कय विवाद मा फँसी है, वहीं दूसरी ओर चीन गाओकाओ परीक्षा कय पूरी तरह से ‘गलती-रहित’ बनावै कय खातिर कड़ा कदम उठाय है।
3 मई कय, लगभग 2.2 मिलियन (22 लाख) बच्चा NEET-UG परीक्षा मा सामिल भये, एह आस कय साथ कि ओन्है मेडिकल पढ़ै कय मौका मिलि। इ परीक्षा NTA कय जरिये भारत मा अंडरग्रेजुएट मेडिकल (MBBS), डेंटल (BDS), अउर AYUSH कोर्स मा एडमिशन खातिर अकेल, स्टैंडर्ड राष्ट्रव्यापी एंट्रेंस परीक्षा कय रूप मा कराई जात है। इ योग्यता-आधारित चयन पक्का करत है, एकरुपता कय खातिर कई राज्य-स्तरीय परीक्षाओं कय जगह लेत है, अउर भविष्य कय हेल्थकेयर प्रोफेशनल्स खातिर ऊँच मानक बनाय रखत है।
हालाँकि, लाखों बच्चा कय उम्मीद अउर सपना टूट गवा, काहे से NEET-UG परीक्षा कय ठीक आठ दिन बाद, सोमवार कय प्रश्न-पत्र लीक होय कय आरोप सामने आय, जेकरे चलते NTA कय 3 मई वाली परीक्षा रद करै कय पड़ी। NEET से जुड़ा पेपर लीक कय विवाद कौनों नई बात नाहीं है। अभी मात्री दुई साल पहिले, 2024 मा, देश अइसन ही संकट झेले रहा। 2026 कय पेपर लीक विवाद इ देखावत है कि अधिकारी अभी भी सिस्टम कय कमी कय पूरी तरह से दूर करै अउर लाखों बच्चा कय मेहनत अउर सपना कय रखवाली करै मा फेल भये हैं।
गणित कय मास्टर अउर ‘सुपर 30’ कय संस्थापक आनंद कुमार कहिन कि भारत मा पेपर लीक रोकै खातिर चीन जइसन सख्ती होनी चाही। कुमार कहिन, “कोचिंग सेंटर्न पय शिकंजा कसना बहुत जरूरी है। नियम कय सख्ती से पालन होय कय चाही। सरकार कय चीन जइसन कड़ा कदम उठाय कय चाही।”
उ आगे कहिन कि इ (पेपर लीक) बहुत ही दुखद बात है। जब भी अइसन कौनों घटना होत है, तव बच्चा कय मनोबल टूट जात है। चीन जइसन मॉडल कय बात कय कय, ‘सुपर 30’ कय कुमार बीजिंग कय हाई-टेक निगरानी सिस्टम अउर परीक्षा मा धांधली करै कय नापाक कोशिश कय खातिर दीन जाय वाली कड़ी सजा कय तरफ इशारा करत हँय। खास कय दुनिया कय सबसे कठिन परीक्षा ‘गाओकाओ’ कय मामला मा।